मेटा और सरकार के बीच चलेगी 3-4 दिन की मीटिंग, भारतीय कानूनों को पालन करने के सवाल पर चर्चा
मेटा के एल्गोरिदम और भारतीय कानूनों के पालन पर सरकार द्वारा दो टूक दिए जाने के बाद, दोनों पक्षों के बीच 3 से 4 दिन तक की मीटिंग होगी। इस दौरान व्हाट्सएप से जुड़े मुद्दों पर भी चर्चा होगी।

सौजन्य से:- ABP News
'भारत में नहीं चल सकता अमेरिकी कानून', एल्गोरिदम पर Meta को सरकार की दो टूक
अधिकारिक सूत्रों ने बताया है कि गुरुवार 6 अगस्त 2026 सरकार और मेटा की वैश्विक टीम के बीच इस मुद्दे पर बातचीत अब भी जारी है. इस दौरान मेटा के अधिकारियों से कंपनी के एल्गोरिजद्म,
मेटा को भारत सरकार ने स्पष्ट कह दिया है कि भारत में अमेरिकी कानून नहीं चल सकता है. यह बयान तब दिया है, जब एल्गोरिदम पर मेटा और सरकार के बीच चर्चा छिड़ गई है. यह पूरा विवाद पीएम नरेंद्र मोदी के फेसबुक पोस्ट को थोड़ी देर के लिए हटाने जाने के मामले से जुड़ा है. ऐसे में सरकार ने मेटा के अधिकारियों से पूछा है कि आईटी कंपनी भारतीय कानूनों का पालन कर रही है या नहीं.
अधिकारिक सूत्रों ने बताया है कि गुरुवार 6 अगस्त 2026 सरकार और मेटा की वैश्विक टीम के बीच इस मुद्दे पर बातचीत अब भी जारी है.
इस दौरान मेटा के अधिकारियों से कंपनी के एल्गोरिद्म, अनुपालन व्यवस्था में पर्याप्त संतुलन एवं नियंत्रण (Adequate Balance and Controls within the Compliance Framework, and Constitutional and Legal Provisions) और संवैधानिक और कानूनी प्रावधानों (Legality) को पूरा करने के लिए सुरक्षा उपायों के बारे में भी सवाल किए जाएंगे.
सूत्रों ने बताया कि सूचना प्रौद्योगिकी मंत्री अश्विनी वैष्णव गुरुवार को मेटा की वैश्विक टीम से मुलाकात कर रहे हैं. इसके बाद मंत्रालय की टेक्निकल टीमों के साथ बातचीत आगे भी जारी रहेगी. इससे पहले अमेरिका स्थित इस प्रौद्योगिकी कंपनी ने मोदी की फेसबुक पोस्ट हटाए जाने की घटना पर माफी मांगी थीं.
साथ ही, बाल यौन शोषण से संबंधित सामग्री, डीपफेक और भुगतान के बदले कुछ सामग्री को बढ़ावा देने जैसे मुद्दों पर भी चूक स्वीकार की थी. मेटा के Global Affairs Chief जोएल कैपलन ने एक लिखित बयान में भी दिया. उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी की पोस्ट पर लगे बैन की गलती के लिए मंत्री से माफी मांगी.
सूत्रों का कहना है, 'मेटा की तरफ से यह माफी कंपनी के CEO मार्क जुकरबर्ग की ओर से आई थी. प्रधानमंत्री मोदी की फेसबुक पर साझा की गई एक पोस्ट को कुछ देर के लिए हटा दिया गया था. हालांकि, कुछ समय बाद ही मेटा ने इस पोस्ट को तकनीकी चूक बताते हुए बहाल कर दिया था.'
मेटा और सरकार के बीच चलेगी इतने मीटिंग
सरकारी सूत्रों ने जानकारी दी कि मेटा टीम के साथ मीटिंग का दौर 3 से 4 दिन चलेगा. मेटा की ग्लोबल टीम कुछ और दिन भारत में रहेगी. तीन से चार और मीटिंग होने की उम्मीद है. बातचीत के अगले दौर में व्हाट्सएप से जुड़े मुद्दों पर भी चर्चा होगी. इन बैठकों का मुख्य एजेंडा यह पता लगाना है कि क्या मेटा के प्लेटफॉर्म भारतीय कानूनों का पालन कर रहे हैं. यह जानकारी सरकारी सूत्रों ने दी है. सरकारी सूत्रों की मानें तो भारत में प्लेटफॉर्म्स को अमेरिकी कानूनों के हिसाब से नहीं चलाया जा सकता. ये तकनीकी मामले हैं. हर पहलू को समझना जरूरी है. मकसद कानून का इस्तेमाल समाज के भले के लिए करना है.
Powered by Nyaya 247 News
संबंधित ख़बरें
इसी विषय की और ख़बरें →
सुप्रीम कोर्ट का बड़ा फैसला: किसानों को मिलेगा 6.5 लाख रुपये प्रति एकड़, भू स्वामी पहले से मिलने वाला पैसा शामिल होगा

รाष्ट्रीय सभा में वास्तुकला कानून संशोधन पर चर्चा

कानून के प्रसार में डिजिटल प्लेटफॉर्म की बढ़ती जिम्मेदारी

विधि प्रसार एवं शिक्षा संबंधी कानून (संशोधित) पर चर्चा

सुप्रीम कोर्ट ने किसानों के मुआवजे में किया बदलाव, 6.5 लाख रुपये प्रति एकड़ का निर्धारण

अमेरिकी धर्म-नीति और भारत के संप्रभु वित्त कानून: एक टकराव

उच्च न्यायालयों को एनसीएलटी के आदेशों के खिलाफ रिट पर विचार नहीं करना चाहिए: सुप्रीम कोर्ट

सुप्रीम कोर्ट कॉलेजियम ने दो हाईकोर्ट जजों के तबादले की सिफारिश की
ताज़ा ख़बरें
- कौन हैं वो 4 जज जो बनेंगे हाई कोर्ट के चीफ जस्टिस? कॉलेजियम ने की सिफारिश
- प्रांतीय राष्ट्रीय सभा के प्रतिनिधिमंडल ने मसौदा कानूनों पर चर्चा की
- सुप्रीम कोर्ट कॉलेजियम ने दो उच्च न्यायालय न्यायाधीशों के स्थानांतरण की सिफारिश की
- सुप्रीम कोर्ट कॉलेजियम ने चार हाईकोर्टों में नए चीफ जस्टिसों की नियुक्ति की सिफारिश की
- केंद्र सरकार ने मद्रास, कलकत्ता, कर्नाटक और मध्य प्रदेश उच्च न्यायालयों में न्यायाधीशों की नियुक्तियों को अधिसूचित किया
- राष्ट्रीय सभा पूर्ण सत्र में प्रकाशन कानून पर चर्चा
- वित्त और बैंकिंग क्षेत्र के तीन कानूनों में संशोधन पर राष्ट्रीय सभा की चर्चा
- राष्ट्रीय सभा ने वित्त और बैंकिंग से जुड़े महत्वपूर्ण कानूनों पर चर्चा की

