चेक बाउंस के 2846 मामले लोक अदालत में सुलझे!
गुरुग्राम में विशेष राज्य लोक अदालत में 2846 चेक बाउंस संबंधी मामलों का त्वरित समाधान किया गया। इनमें से 2,339 मामलों का आपसी सहमति से समझौते के माध्यम से निस्तारण किया गया।

सौजन्य से:- Amar Ujala
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Gurugram News: लोक अदालत में सुलझे 2846 मामले
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चेक बाउंस के 2339 मामलों का समझौते से निपटारा
नंबर गेम- 2.12 करोड़ रुपये से अधिक राशि पर हुआ समझौता
अमर उजाला ब्यूरो
गुरुग्राम। हरियाणा राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण के निर्देशानुसार व जिला एवं सत्र न्यायाधीश-सह-अध्यक्ष, जिला विधिक सेवा प्राधिकरण, गुरुग्राम नरेंद्र सुरा के मार्गदर्शन में शनिवार को जिला विधिक सेवा प्राधिकरण, गुरुग्राम द्वारा परक्राम्य लिखत अधिनियम, 1881 की धारा 138 के अंतर्गत लंबित चेक बाउंस मामलों के निस्तारण के लिए विशेष राज्य लोक अदालत का सफल आयोजन किया गया।
विशेष राज्य लोक अदालत ने चेक अनादरण (चेक बाउंस) से जुड़े मामलों के सौहार्दपूर्ण एवं त्वरित समाधान के लिए प्रभावी मंच उपलब्ध कराया, जिससे पक्षकारों को शीघ्र, सुलभ और किफायती न्याय मिला। लोक अदालत में धारा 138 के कुल 2846 मामले विचारार्थ रखे गए, जिनमें से 2,339 मामलों का आपसी सहमति से समझौते के माध्यम से सफलतापूर्वक निस्तारण किया गया।
निस्तारित मामलों में 2 करोड़ 12 लाख 13 हजार रुपये की राशि पर समझौता हुआ। यह विशेष राज्य लोक अदालत न्यायालयों में लंबित मामलों के बोझ को कम करने के साथ-साथ विवादों के सौहार्दपूर्ण समाधान को बढ़ावा देने की दिशा में महत्वपूर्ण पहल साबित हुई।
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इस अवसर पर मुख्य न्यायिक दंडाधिकारी-सह-सचिव, जिला विधिक सेवा प्राधिकरण, गुरुग्राम निशा ने कहा कि लोक अदालतें लोगों को जल्दी, आसान और कम खर्च में न्याय दिलाने का प्रभावी माध्यम है। उन्होंने कहा कि ऐसे आयोजन न्यायालयों में लंबित मामलों की संख्या कम करने के साथ-साथ आपसी सहमति से विवाद सुलझाने की भावना को भी बढ़ावा देते हैं। जिला विधिक सेवा प्राधिकरण, गुरुग्राम ने इस विशेष राज्य लोक अदालत के सफल आयोजन में सहयोग देने वाले न्यायिक अधिकारियों, अधिवक्ताओं, बैंक प्रतिनिधियों, पक्षकारों व अन्य सभी संबंधित लोगों का आभार व्यक्त किया।
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नंबर गेम- 2.12 करोड़ रुपये से अधिक राशि पर हुआ समझौता
अमर उजाला ब्यूरो
गुरुग्राम। हरियाणा राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण के निर्देशानुसार व जिला एवं सत्र न्यायाधीश-सह-अध्यक्ष, जिला विधिक सेवा प्राधिकरण, गुरुग्राम नरेंद्र सुरा के मार्गदर्शन में शनिवार को जिला विधिक सेवा प्राधिकरण, गुरुग्राम द्वारा परक्राम्य लिखत अधिनियम, 1881 की धारा 138 के अंतर्गत लंबित चेक बाउंस मामलों के निस्तारण के लिए विशेष राज्य लोक अदालत का सफल आयोजन किया गया।
विशेष राज्य लोक अदालत ने चेक अनादरण (चेक बाउंस) से जुड़े मामलों के सौहार्दपूर्ण एवं त्वरित समाधान के लिए प्रभावी मंच उपलब्ध कराया, जिससे पक्षकारों को शीघ्र, सुलभ और किफायती न्याय मिला। लोक अदालत में धारा 138 के कुल 2846 मामले विचारार्थ रखे गए, जिनमें से 2,339 मामलों का आपसी सहमति से समझौते के माध्यम से सफलतापूर्वक निस्तारण किया गया।
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निस्तारित मामलों में 2 करोड़ 12 लाख 13 हजार रुपये की राशि पर समझौता हुआ। यह विशेष राज्य लोक अदालत न्यायालयों में लंबित मामलों के बोझ को कम करने के साथ-साथ विवादों के सौहार्दपूर्ण समाधान को बढ़ावा देने की दिशा में महत्वपूर्ण पहल साबित हुई।
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इस अवसर पर मुख्य न्यायिक दंडाधिकारी-सह-सचिव, जिला विधिक सेवा प्राधिकरण, गुरुग्राम निशा ने कहा कि लोक अदालतें लोगों को जल्दी, आसान और कम खर्च में न्याय दिलाने का प्रभावी माध्यम है। उन्होंने कहा कि ऐसे आयोजन न्यायालयों में लंबित मामलों की संख्या कम करने के साथ-साथ आपसी सहमति से विवाद सुलझाने की भावना को भी बढ़ावा देते हैं। जिला विधिक सेवा प्राधिकरण, गुरुग्राम ने इस विशेष राज्य लोक अदालत के सफल आयोजन में सहयोग देने वाले न्यायिक अधिकारियों, अधिवक्ताओं, बैंक प्रतिनिधियों, पक्षकारों व अन्य सभी संबंधित लोगों का आभार व्यक्त किया।
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