जौनपुर में बिजली विभाग की अनियमितता के मामले में अदालत ने नोटिस जारी किया
जौनपुर में एक उपभोक्ता ने स्थाई लोक अदालत में परिवाद दायर किया है जिसमें आरोप लगाया गया है कि बिजली विभाग के अधिकारियों ने कथित तौर पर अनियमितता की है। अदालत ने विद्युत विभाग के अधिशासी अभियंता सहित चार अधिकारियों को नोटिस जारी किया है।

सौजन्य से:- Dainik Bhaskar
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बिजली विभाग के चार अधिकारियों पर शिकायत दर्ज:जौनपुर में स्थाई लोक अदालत ने नोटिस जारी किया
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जौनपुर में बिजली विभाग की कथित अनियमितता के मामले में एक उपभोक्ता ने स्थाई लोक अदालत में परिवाद दायर किया है। अदालत ने विद्युत विभाग के अधिशासी अभियंता सहित चार अधिकारियों को नोटिस जारी किया है। इस मामले की अगली सुनवाई 25 जुलाई को होगी।
यह परिवाद जगदीशपुर, बरसठी निवासी चंद्र प्रकाश दुबे ने अधिवक्ता सीपी दुबे के माध्यम से दायर किया है। दुबे ने बताया कि उन्होंने 2011 में एक किलोवाट का विद्युत कनेक्शन लिया था और नियमित रूप से बिलों का भुगतान कर रहे थे।
परिवादी के अनुसार, उनकी रिश्तेदार विद्योत्मा देवी ने उनके पड़ोस में एक मकान बनवाया था। 4 अगस्त 2017 को विद्योत्मा देवी ने विद्युत कनेक्शन के लिए आवेदन किया, जिसे स्वीकृति मिल गई। आरोप है कि केबल छोटा होने के कारण, बिजली विभाग के कर्मचारियों ने चंद्र प्रकाश दुबे का केबल काटकर विद्योत्मा देवी के घर के कनेक्शन से जोड़ दिया और मीटर लगा दिया। विभाग ने तब आश्वासन दिया था कि दोनों कनेक्शन अलग-अलग रहेंगे।
हालांकि, 23 अगस्त 2024 को विद्युत विभाग के अधिकारियों ने अचानक चेकिंग की। इस दौरान अधिकारियों ने कथित तौर पर चंद्र प्रकाश दुबे पर ही अनियमितता का आरोप लगाना शुरू कर दिया।
इसके बाद, परिवादी ने अदालत से मांग की है कि विद्युत विभाग को विद्योत्मा देवी का केबल हटाने का निर्देश दिया जाए। साथ ही, उन्हें हुई शारीरिक, मानसिक और आर्थिक क्षति के लिए विभाग से मुआवजा दिलाया जाए। स्थाई लोक अदालत ने इस मामले में अधिशासी अभियंता विद्युत वितरण खंड द्वितीय, अवर अभियंता बरसठी, लाइनमैन सीताराम और विद्योत्मा देवी को नोटिस जारी किए हैं।
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