बलरामपुर में पुलिस के वाहन को कुर्क करने का आदेश
बलरामपुर में पुलिस के एक वाहन की कुर्की जिला अदालत के आदेश पर की गई है. इसके तहत क्षतिपूर्ति राशि नहीं देने के कारण पुलिस के एक वाहन को अदालत परिसर में खड़ा कराया गया है, जिसके खिलाफ अदालत ने कार्रवाई की गई है.

सौजन्य से:- ETV Bharat
बलरामपुर में पुलिस वाहन कुर्क, जिला अदालत के आदेश पर कार्रवाई
रामानुजगंज जिला अदालत ने पुलिस वाहन को कुर्क करने का आदेश जारी किया है. पढ़िए पूरी रिपोर्ट
By ETV Bharat Chhattisgarh Team
Published : July 5, 2026 at 10:10 PM IST
बलरामपुर: रामानुजगंज जिला एवं सत्र न्यायाधीश ने अहम फैसला सुनाया है. इस फैसले के तहत पुलिस विभाग के एक वाहन की कुर्की जब्ती की गई है. उसके बाद पुलिस के वाहन को अदालत परिसर में खड़ा कराया गया है. यह कार्रवाई 48 लाख रुपए की क्षतिपूर्ति राशि की वसूली के लिए की गई है. जिला एवं सत्र न्यायाधीश हेमंत सर्राफ के आदेश पर पुलिस विभाग के कैदी वाहन को जप्त कर कुर्की किया गया है.
जानिए क्या है पूरा मामला ?
2018 में पुलिस की गाड़ी से एक हादसा हो गया था. इसमें दो लोगों की मौत हो गई थी. उसके बाद पीड़ित पक्ष मुआवजे को लेकर साल 2018 में सबसे पहले रामानुजगंज के न्यायालय में गए थे. जिसमें 2021 में आदेश जारी हुआ था. इस आदेश के मुताबिक पीड़ित पक्ष को क्षतिपूर्ति राशि नहीं मिली. उसके बाद उन्होंने हाईकोर्ट का रुख किया था. नारायण यादव एवं अन्य लोगों की तरफ से हाईकोर्ट में याचिका दायर की गई थी. जिसमें 3 सितंबर 2025 को हाईकोर्ट ने 48 लाख रुपये क्षतिपूर्ति राशि देने का बलरामपुर पुलिस को आदेश दिया था.
हाईकोर्ट के आदेश के बाद भी पीड़ित पक्ष को मुआवजा नहीं मिल रहा था. जिसके बाद पीड़ित पक्ष बलरामपुर रामानुजगंज जिला सत्र न्यायालय में फिर से याचिका लगाई. जिस पर कोर्ट ने सुनवाई करते हुए 3 जुलाई 2026 को फैसला सुनाया. कोर्ट ने पुलिस विभाग के वाहन को कुर्क करने का आदेश जारी कर दिया. इसके बाद वाहन को कुर्क किया गया.
इस संबंध में पीड़ित पक्ष के अधिवक्ता आरके पटेल ने मीडिया को अहम जानकारी दी है. उन्होंने बताया कि साल 2018 में पुलिस विभाग के वाहन से एक दुर्घटना हुई थी. जिसमें दो लोगों की मौत हो गई थी. जिसका एमएसीटी का प्रकरण रामानुजगंज के न्यायालय में चला था. जिसमें 2021 में आदेश हुआ था. उस आदेश में क्षतिपूर्ति का पैसा उनके अनुसार नहीं मिला था उसके खिलाफ हाईकोर्ट चले गए.
साल 2025 में हाईकोर्ट ने आदेश दिया कि दो माह के अंदर ब्याज सहित पैसा पीड़ित पक्ष को मिलना चाहिए. उसके बाद भी पीड़ित पक्ष को पैसा नहीं मिला. उसके बाद पीड़ित पक्ष फिर रामानुजगंज जिला अदालत में आया. बीते 3 जुलाई को अदालत ने पुलिस वाहन को कुर्क करने का आदेश जारी कर दिया. अदालत ने पुलिस विभाग के अन्य वाहनों को भी कुर्क करने का आदेश पारित किया गया है- आरके पटेल, पीड़ित पक्ष के वकील
न्यायालय परिसर में रखा गया पुलिस का वाहन
पीड़ित पक्ष को क्षतिपूर्ति राशि का लंबित भुगतान नहीं करने पर रामानुजगंज जिला अदालत ने यह फैसला दिया है. उसके बाद पुलिस के वाहन को कुर्क किया गया. वाहन को कोर्ट परिसर में रखा गया है.
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