होमवकीलन्यायमूर्ति माहेश्वरी के सेवानिवृत्त होने के बाद सुप्रीम कोर्ट कॉलेजियम में बड़ा बदलाव
वकील

न्यायमूर्ति माहेश्वरी के सेवानिवृत्त होने के बाद सुप्रीम कोर्ट कॉलेजियम में बड़ा बदलाव

न्यायमूर्ति पी.एस. नरसिम्हा अब उच्चतम न्यायालय कॉलेजियम के सदस्य होंगे। उनकी एंट्री के साथ कॉलेजियम में नए और बदले हुए नाम होंगे, जिनकी सिफारिशें नियुक्ति और पदोन्नति के लिए होंगे।

28 जून 2026 को 01:24 pm बजे
न्यायमूर्ति माहेश्वरी के सेवानिवृत्त होने के बाद सुप्रीम कोर्ट कॉलेजियम में बड़ा बदलाव

सौजन्य से:- ndtv.in

- जज माहेश्वरी के सेवानिवृत्त होने के बाद न्यायमूर्ति पी.एस. नरसिम्हा उच्चतम न्यायालय कॉलेजियम के सदस्य होंगे

- न्यायमूर्ति नरसिम्हा कॉलेजियम के पांचवें सबसे वरिष्ठ सदस्य हैं और वे मई 2028 तक सदस्य रहेंगे

- सुप्रीम कोर्ट कॉलेजियम में चीफ जस्टिस सहित कुल 5 वरिष्ठ न्यायाधीश नियुक्ति और पदोन्नति की सिफारिश करते हैं

न्यायमूर्ति जे.के. माहेश्वरी के रविवार को सेवानिवृत्त होने के साथ ही न्यायमूर्ति पी.एस. नरसिम्हा उच्चतम न्यायालय कॉलेजियम के सदस्य बन जाएंगे. पांचवें सबसे वरिष्ठ न्यायाधीश होने के नाते, न्यायमूर्ति नरसिम्हा 2 मई, 2028 को सेवानिवृत्त होने तक आधिकारिक तौर पर कॉलेजियम का हिस्सा रहेंगे. न्यायमूर्ति माहेश्वरी लगभग पांच साल के कार्यकाल के बाद सेवानिवृत्त हुए हैं.

कॉलेजियम में अब प्रधान न्यायाधीश सूर्य कांत, न्यायमूर्ति विक्रम नाथ, न्यायमूर्ति बी.वी. नागरत्ना, न्यायमूर्ति एम.एम. सुंदरेश और न्यायमूर्ति पी.एस. नरसिम्हा शामिल होंगे.

उच्चतम न्यायालय के एक फैसले के बाद 1993 में शुरू हुई कॉलेजियम प्रणाली के तहत, न्यायालय के पांच वरिष्ठ न्यायाधीश, उच्चतम न्यायालय और 25 उच्च न्यायालयों में न्यायाधीशों की नियुक्ति, तबादले और पदोन्नति की सिफारिश करते हैं.

इस व्यवस्था के तहत सरकार कॉलेजियम को सिफारिश वापस भेज सकती है. आम तौर पर, अगर कॉलेजियम अपनी सिफारिश को दोहराता है तो सरकार उसे मान लेती है, लेकिन ऐसे मामले भी सामने आए हैं, जब सरकार ने फाइल वापस भेज दी या सिफारिश पर कोई जवाब नहीं दिया.

न्यायमूर्ति नरसिम्हा को 2008 में उच्चतम न्यायालय की पूर्ण पीठ ने वरिष्ठ अधिवक्ता के तौर पर नामित किया था. उन्हें 2014 में भारत का अतिरिक्त सॉलिसिटर जनरल नियुक्त किया गया था. न्यायमूर्ति नरसिम्हा को 31 अगस्त, 2021 को सीधे बार से उच्चतम न्यायालय का न्यायाधीश नियुक्त किया गया था.

इसे भी पढ़ें: फ्लैट की चाबी मिलने के बाद भी मिल सकता है कंपनसेशन, लेट डिलीवरी पर होम बायर्स के हक में सुप्रीम कोर्ट का बड़ा फैसला

इसे भी पढ़ें: पासपोर्ट, आधार, PAN नहीं... आपसे मांगा जाए नागरिकता का प्रमाण तो कौन सा दस्तावेज आएगा काम? क्या बोले एक्सपर्ट

NDTV.in पर ताज़ातरीन ख़बरों को ट्रैक करें, व देश के कोने-कोने से और दुनियाभर से न्यूज़ अपडेट पाएं

Powered by Nyaya 247 News

संबंधित ख़बरें

इसी विषय की और ख़बरें →
ओडिशा हाईकोर्ट के जस्टिस मोहपात्रा का छत्तीसगढ़ में तबादला, सुप्रीम कोर्ट ने 4 जजों का किया ट्रांसफर
वकील

ओडिशा हाईकोर्ट के जस्टिस मोहपात्रा का छत्तीसगढ़ में तबादला, सुप्रीम कोर्ट ने 4 जजों का किया ट्रांसफर

पटना हाईकोर्ट को मिलेंगे नए चीफ जस्टिस: जानिए कौन हैं वी. कामेश्वर राव
वकील

पटना हाईकोर्ट को मिलेंगे नए चीफ जस्टिस: जानिए कौन हैं वी. कामेश्वर राव

वी. कामेश्वर राव को पटना हाईकोर्ट का नवीन चीफ जस्टिस नियुक्ति
वकील

वी. कामेश्वर राव को पटना हाईकोर्ट का नवीन चीफ जस्टिस नियुक्ति

सुप्रीम कोर्ट कॉलेजियम की बड़ी सिफारिश, न्यायमूर्ति वी कामेश्वर राव बन सकते हैं पटना हाईकोर्ट के मुख्य न्यायाधीश
वकील

सुप्रीम कोर्ट कॉलेजियम की बड़ी सिफारिश, न्यायमूर्ति वी कामेश्वर राव बन सकते हैं पटना हाईकोर्ट के मुख्य न्यायाधीश

लोकसभा में ट्रिब्यूनल सुधार विधेयक पेश, राष्ट्रीय न्यायाधिकरण आयोग के गठन का प्रस्ताव
वकील

लोकसभा में ट्रिब्यूनल सुधार विधेयक पेश, राष्ट्रीय न्यायाधिकरण आयोग के गठन का प्रस्ताव

नौकरीपेशा लोगों के लिए कानून की पढ़ाई पर लगी रोक, अब केवल नियमित पाठ्यक्रम ही मान्य
वकील

नौकरीपेशा लोगों के लिए कानून की पढ़ाई पर लगी रोक, अब केवल नियमित पाठ्यक्रम ही मान्य

ड्रग्स मामलों की जांच में तेजी लाने के लिए सुप्रीम कोर्ट में सुनवाई
वकील

ड्रग्स मामलों की जांच में तेजी लाने के लिए सुप्रीम कोर्ट में सुनवाई

बृजभूषण शरण सिंह के वकील ने बरी होने के बाद दिया बयान
वकील

बृजभूषण शरण सिंह के वकील ने बरी होने के बाद दिया बयान

ताज़ा ख़बरें