देवरिया में राष्ट्रीय लोक अदालत ने 2.79 लाख मामलों का निस्तारण, 313.7 करोड़ रुपये का निपटारा
शनिवार को देवरिया के जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के अंतर्गत राष्ट्रीय लोक अदालत का संचालन हुआ, जिसमें कुल 279,906 मामलों का निस्तारण तथा 313,700,201 रुपये की वित्तीय राशि का निपटान किया गया। इस अवसर पर जिला जज ने दिव्यांग व्यक्तियों व महिलाओं को पेंशन प्रमाण पत्र व सहायक उपकरण प्रदान किए और कई पारिवारिक वादों का समाधान किया गया।

सौजन्य से:- Hindustan
राष्ट्रीय लोक अदालत में 27 हजार से अधिक मामलों का हुआ निस्तारण
देवरिया में शनिवार को जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के तहत राष्ट्रीय लोक अदालत का आयोजन किया गया। अदालत में 279906 मामलों का निस्तारण हुआ और 313700201 रूपये की धनराशि का सेटलमेण्ट किया गया। जिला जज धनेन्द्र प्रताप सिंह ने दिव्यांग जनों और महिलाओं को पेंशन प्रमाण पत्र दिए और पारिवारिक वादों का समाधान किया।
देवरिया, विधि संवाददाता। दीवानी न्यायालय परिसर में शनिवार को जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के तत्वावधान में राष्ट्रीय लोक अदालत का आयोजन किया गया। इस दौरान कुल 279906 मामलों का निस्तारण किया गया। जबकि 313700201 रूपये की धनराशि का सेटलमेण्ट किया गया। जिला जज धनेन्द्र प्रताप सिंह, प्रधान न्यायाधीश परिवार न्यायालय ब्रजेश मणि त्रिपाठी, पीठासीन अधिकारी मोटर दुर्घटना दावा अधिकरण इफ्तेखार अहमद, सचिव जिला विधिक सेवा प्राधिकरण/सिविल जज (एस0डी0) अर्चना द्वितीय ने दीप प्रज्ज्वलित कर लोक अदालत का शुभारंभ किया। जिला जज द्वारा जिला दिव्यांगजन सशक्तिकरण विभाग की ओर से 02 लाभार्थियों को पेंशन स्वीकृति प्रमाण पत्र व 02 लाभार्थियों को कान की सुनने की मशीन प्रदान की गई, साथ ही महिला कल्याण विभाग के माध्यम से 04 पात्र महिलाओं को विधवा पेंशन प्रमाण पत्र एवं 01 लाभार्थी को मुख्यमंत्री कन्या सुमंगला योजना का प्रमाण पत्र वितरित किया गया।
जिला जज द्वारा 05 वाद का निस्तारण किया गया। प्रधान न्यायाधीश परिवार न्यायालय ब्रजेश मणि त्रिपाठी के द्वारा 25 तथा अपर प्रधान न्यायाधीश परिवार न्यायालय शिखा रानी जायसवाल के द्वारा 27 पारिवारिक वादों का निस्तारण किया गया, जिसमें से पांच विवाहित जोड़ों की विदाई कराई गई। मोटर दुर्घटना दावा अधिकरण के पीठासीन अधिकारी इफ्तेखार अहमद द्वारा कुल 242 मामलों का निस्तारण कराया गया। मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट प्रज्ञा सिंह द्वारा 1629 वाद व अन्य सभी सम्बन्धित न्यायिक अधिकारीगण के द्वारा 1688 निस्तारित वादों को मिलाकर कुल 3616 मामलों तथा राजस्व विभाग, बैंक व अन्य विभागों के द्वारा 276290 मामलों को निस्तारण किया गया। इस प्रकार इस राष्ट्रीय लोक अदालत में कुल मिलाकर 279906 मामलों का निस्तारण किया गया। प्रतिकर, जुर्माना एवं अन्य मामलों में 313700201 रूपये की धनराशि का सेटलमेण्ट किया गया।
Powered by Nyaya 247 News
संबंधित ख़बरें
इसी विषय की और ख़बरें →
हा तिन्ह द्वारा प्रांतीय कानून प्रसार में डिजिटल क्रांतिकारी कदम

सीबीआई विशेष अदालत में नेटवर्क व्यवधान, कार्यवाही एक महीने से रुकाव में

गाजियाबाद में दिव्यांग गवाहों और आरोपी की पहुंच आसान, कोर्ट में व्हीलचेयर व स्ट्रेचर उपलब्ध

बेअदबी रोधी कानून के संशोधन पर मुख्यमंत्री का दृढ़ संदेश

धौलाना तहसील में सवर्ण समुदाय ने यूजीसी नियम और एससी‑एसटी अधिनियम के विरोध में धरना किया

संतग्रंथ सुरक्षा अधिनियम में बदलाव के लिये मुख्यमंत्री मान से हुई सात सदस्यीय तालमेल समिति की मुलाकात

12 दिसंबर को अगली लोक अदालत, ट्रैफिक चालानों की माफी का फिर से मौका

धामी सरकार ने नैनीताल में 1.822 हेक्टेयर जमीन को भू‑कानून के तहत राज्य में निहित किया
ताज़ा ख़बरें
- डिजिटल युग में संशोधित डाक अधिनियम: पोस्ट‑ऑडिट व डेटा ट्रेसिंग को सुदृढ़ करना
- डिजिटल अर्थव्यवस्था के चलते डाक कानून में आए परिवर्तन: नई परिभाषाएँ और डिजिटल लॉजिस्टिक्स
- कठुआ में विशेष लोक अदालत ने 3 एमएसीटी मामलों को 10.75 लाख रुपये में निपटाया
- स्थाई लोक अदालत: शीघ्र न्याय के लिए नई पहल, बताई नीतू जोशी की दृष्टि
- मांडर में 60‑दिवसीय विधिक जागरूकता अभियान: मुफ्त कानूनी सहायता की जानकारी
- गुयेन ट्राई सेकेंडरी स्कूल में पुलिस ने 532 छात्रों को सड़क सुरक्षा प्रशिक्षण दिया
- नसीराबाद में राष्ट्रीय लोक अदालत की तैयारी पर चर्चा
- 26 सितंबर 2026 धनु राशिफल: बहस से बचें, नियम-आधारित सफलता

