मप्र के 70 हजार शिक्षकों को फिर से सुप्रीम कोर्ट में मिलेगी सांत्वना?
मप्र के करीब 70 हजार शिक्षकों को टीईटी से राहत दिलाने के लिए स्कूल शिक्षा विभाग फिर सुप्रीम कोर्ट का दरवाजा खटखटाने की तैयारी कर रहा है। विभाग की दलील है कि ये शिक्षक पहले ही सरकारी चयन परीक्षा पास कर नौकरी हासिल कर चुके हैं।

सौजन्य से:- Dainik Bhaskar
- Hindi News
- Local
- Mp
- Bhopal
- The Department Will Again Approach The Supreme Court For Teachers.
शिक्षकों के लिए फिर सुप्रीम कोर्ट जाएगा विभाग:70 हजार शिक्षक ऐसे जो परीक्षा पास कर नौकरी पर आए
- कॉपी लिंक
मप्र के करीब 70 हजार शिक्षकों को शिक्षक पात्रता परीक्षा (टीईटी) से राहत दिलाने के लिए स्कूल शिक्षा विभाग एक बार फिर सुप्रीम कोर्ट का दरवाजा खटखटाने की तैयारी कर रहा है।
विभाग की दलील है कि साल 2005 से 2009 के बीच भर्ती हुए शिक्षकों ने पहले ही सरकारी चयन परीक्षा पास कर नौकरी हासिल की थी, इसलिए उन्हें दोबारा पात्रता परीक्षा देने के लिए बाध्य नहीं किया जाना चाहिए। इस काम से जुड़े अफसरों ने बताया कि इसकी तैयारी की जा रही है।
इस मामले में विभाग मप्र विधि विभाग और सुप्रीम कोर्ट के वरिष्ठ अधिवक्ताओं से राय मशविरा करने के बाद अगले सप्ताह तक नई याचिका दायर कर सकता है। हालांकि, इसके पहले सुप्रीम कोर्ट इस मामले में स्पष्ट निर्णय कर चुका है कि परीक्षा देनी ही होगी।
डेढ़ लाख प्रभावित
सुप्रीम कोर्ट के सितंबर 2025 के आदेश के बाद लोक शिक्षण संचालनालय ने इसी साल अप्रैल में निर्देश जारी कर स्कूल शिक्षा और जनजातीय कार्य विभाग के उन सभी शिक्षकों के लिए जुलाई- अगस्त में टीईटी आयोजित कराने को कहा था, जिनकी नियुक्ति 1998 से 2009 के बीच हुई थी।इससे प्रदेश के करीब डेढ़ लाख शिक्षक प्रभावित हो रहे हैं।
Powered by Nyaya 247 News
संबंधित ख़बरें
इसी विषय की और ख़बरें →
ओडिशा हाईकोर्ट जस्टिस का छत्तीसगढ़ में तबादला, सुप्रीम कोर्ट कॉलेजियम की अनुशंसा

चौथाई हाई कोर्टों में नहीं है नियमित चीफ जस्टिस, कॉलेजियम ने दी 4 न्यायिक नियुक्तियों की सिफारिश

ओडिशा हाईकोर्ट के जस्टिस मोहपात्रा का छत्तीसगढ़ में तबादला, सुप्रीम कोर्ट ने 4 जजों का किया ट्रांसफर

पटना हाईकोर्ट को मिलेंगे नए चीफ जस्टिस: जानिए कौन हैं वी. कामेश्वर राव

वी. कामेश्वर राव को पटना हाईकोर्ट का नवीन चीफ जस्टिस नियुक्ति

सुप्रीम कोर्ट कॉलेजियम की बड़ी सिफारिश, न्यायमूर्ति वी कामेश्वर राव बन सकते हैं पटना हाईकोर्ट के मुख्य न्यायाधीश

लोकसभा में ट्रिब्यूनल सुधार विधेयक पेश, राष्ट्रीय न्यायाधिकरण आयोग के गठन का प्रस्ताव

नौकरीपेशा लोगों के लिए कानून की पढ़ाई पर लगी रोक, अब केवल नियमित पाठ्यक्रम ही मान्य
ताज़ा ख़बरें
- ड्रग्स मामलों की जांच में तेजी लाने के लिए सुप्रीम कोर्ट में सुनवाई
- बृजभूषण शरण सिंह के वकील ने बरी होने के बाद दिया बयान
- एनजीटी को निकोबार परियोजना रिपोर्ट सार्वजनिक करनी चाहिए: ट्रिब्यूनल सुधार विधेयक से पहले कांग्रेस - द ट्रिब्यून
- भारत: बॉम्बे हाई कोर्ट के कार्यवाहक मुख्य न्यायाधीश घुगे को कलकत्ता हाई कोर्ट का मुख्य न्यायाधीश बनाने का प्रस्ताव
- जस्टिस रवींद्र वी घुगे अब कलकत्ता हाईकोर्ट के चीफ जस्टिस होंगे
- चार हाईकोर्ट में नए चीफ जस्टिस, नोमिनेटेड किन्हें?
- सुप्रीम कोर्ट में बड़ी दिशा चुनौतीपूर्ण बदलाव, चार जजों का हाईकोर्ट का संभावित सामना: जानिए क्या है कॉलेजियम की सिफारिश
- मद्रास उच्च न्यायालय में न्यायाधीशों की संख्या बढ़ी, 15 नए न्यायाधीशों ने ली शपथ

