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कानून

एआरटी अधिनियम के तहत आयु सीमा उपचार की शुरुआत पर लागू होती है, क्रायोप्रिजर्व्ड भ्रूण के माध्यम से जारी रखने पर नहीं: दिल्ली उच्च न्यायालय ने 50 वर्षीय महिला को जमे हुए भ्रूण स्थानांतरण से गुजरने की अनुमति दी

SCC Online के अनुसार · 24x7 NYAYA
एआरटी अधिनियम के तहत आयु सीमा उपचार की शुरुआत पर लागू होती है, क्रायोप्रिजर्व्ड भ्रूण के माध्यम से जारी रखने पर नहीं: दिल्ली उच्च न्यायालय ने 50 वर्षीय महिला को जमे हुए भ्रूण स्थानांतरण से गुजरने की अनुमति दी
प्रतीकात्मक चित्र · सौजन्य: Unsplash

दिल्ली उच्च न्यायालय: याचिकाकर्ताओं को सहायक प्रजनन प्रौद्योगिकी विनियमन अधिनियम, 2021 (एआरटी अधिनियम) के प्रावधानों के तहत द्वारका के क्लाउडनाइन अस्पताल में उनके शेष 5 क्रायोप्रिजर्व्ड भ्रूणों के जमे हुए भ्रूण स्थानांतर…

अदालत ने सभी पक्षों को विस्तार से सुनने के बाद आदेश पारित किया। याचिकाकर्ता की ओर से वरिष्ठ अधिवक्ता ने दलीलें रखीं, जबकि सरकार ने अपना पक्ष प्रस्तुत किया।

अदालत ने संबंधित अधिकारियों को निर्धारित समय में अनुपालन रिपोर्ट दाखिल करने का निर्देश दिया। कानूनी जानकारों के अनुसार इस व्यवस्था का दूरगामी असर पड़ सकता है और यह भविष्य के मामलों के लिए नज़ीर बनेगी।

आदेश की प्रति सभी संबंधित पक्षों को उपलब्ध करा दी गई है ताकि अमल सुनिश्चित हो सके। पीठ ने स्पष्ट किया कि प्रक्रियागत निष्पक्षता और प्राकृतिक न्याय के सिद्धांतों का पालन अनिवार्य है।

कानून

'असंतोषजनक' फैसला! आईसीसी ने लॉर्ड्स और पाकिस्तान के गद्दाफी स्टेडियम की पिचों पर जुर्माना लगाया

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विशेषज्ञों ने इस निर्णय को संतुलित बताते हुए कहा कि इससे लंबित विवादों के निपटारे में मदद मिलेगी। सरकार ने भरोसा दिलाया कि अदालत के निर्देशों का पूरी तरह पालन किया जाएगा।

फैसले

तारीख पर तारीख का असली विलेन कौन?

क्या कानून की मजबूरी या सिस्टम की सुस्ती जिम्मेदार है तारीख पर तारीख के लिए?

मामले की अगली सुनवाई के लिए तारीख तय कर दी गई है, जहाँ शेष बिंदुओं पर विचार होगा। आदेश की प्रति सभी संबंधित पक्षों को उपलब्ध करा दी गई है ताकि अमल सुनिश्चित हो सके।

कानून

इलाहाबाद हाईकोर्ट में लंबित मामलों पर सुप्रीम कोर्ट सख्त; 40 साल तक अटकी रही हत्या की अपील पर जताई चिंता - supreme court concern over rising pendency of cases in allahabad high court

इलाहाबाद हाईकोर्ट में लंबित मामलों पर सुप्रीम कोर्ट सख्त; 40 साल तक अटकी रही हत्या की अपील पर जताई चिंता सुप्रीम कोर्ट ने इलाहाबाद हाईकोर्ट में लंबित मामलों की बढ़ती संख्या पर गंभीर चिंता जताई है। शीर्ष अदालत ने हत्या के…

पीठ ने स्पष्ट किया कि प्रक्रियागत निष्पक्षता और प्राकृतिक न्याय के सिद्धांतों का पालन अनिवार्य है। विशेषज्ञों ने इस निर्णय को संतुलित बताते हुए कहा कि इससे लंबित विवादों के निपटारे में मदद मिलेगी।

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